Worldpeace and India

Worldpeace and India India has always been a spiritualist and peaceful nation. It is certain that the happiness and prosperity of the world is only possible in a peaceful environment and India has always been trying for it. India is a desirous nation of ‘Vasudhaiva Kutumbakam’ and ‘Survey Bhavantu Sukhin: Survey Sanu Niramaya: whose basic sense is to establish peace. The country having a feeling of ‘Bahujan Hitya’ can not even think of the loss…

"Worldpeace and India"

गर तुम पढ़ लेती

बात बेबात ऐसे न सताओ उनको जख्म दो पर ऐसे न भुलाओ उनको ये जो आखों में रखे है मोती थोड़े ये अमानत है ऐसे न लुटाओ उनको बातो बातो मे ऐसे न बहलाओ उनको जरा सी बात है थोड़ा सा मनाओ उनको वो मान जाएगें ऐसी तो कोई बात नही ये तो अपने है ऐसे न रूलाओ उनको – आशुतोष पाण्डेय शब्द सा तुम बनी, अर्थ मै हो गया। आत्मा तुम बनी, देह मै…

"गर तुम पढ़ लेती"

“जल का तांडव”- मनोगुरू

“जल का तांडव” सैलाब के सितम ने देखो , आशियानों को डुबाया है…. जी रहे परिवार कोे संग , जीते जी ही बहाया है….. आपदा का स्वरूप धर यूँ , जल ने तांडव दिखाया है…… अब कष्टरूपी बारिश में देखो, जीवन कैसे नहाया है….. तन,धन,जन,अन्न भी , जल की जलन ने जलाया है…. खुशनुमा था हाल सबका , उनको भूखा रुलाया है …. सैलाब के सितम ने देखो , अरमानों को ढहाया है , बैर…

"“जल का तांडव”- मनोगुरू"

“काश कोई सुन लेता” part2 — मनोगुरू

कोई कह दो ना कि रहने भी दो अब , भला मेरा क्या कसूर। शायद यही कि ल़ड़की हूँ फिर भी बस करो बेहद दर्द हो रहा है तुम्हारे नुकीले बेरहम औजारों से । माना कि अभी इस लायक नहीं हुई कि अपनी कराहती और बिलखती आवाज को आपकी बे-रहम , बेदर्द भावनाओं को सुना सकूँ मगर तुम सब तो बाहर की दुनिया में हो क्या कभी कोई चोट लगी या कटे नहीं हो जो…

"“काश कोई सुन लेता” part2 — मनोगुरू"

वो आज भी जिंदा हैं…- manoguru

उस गाँव में वो हरे-भरे पेड़ , चहचहाते पक्षी , कोलाहल करती कहीं बच्चों तो कहीं युवाओं की टोलियाँ , वहीं नुक्कड़ पर बुजुर्गों की गपशप वाली चर्चाएँ तो कहीं खेत की ओर जाते किसान… और भी बहुत कुछ मानो संसार का हर द्रश्य एक ही जगह बसता हो । कढी़ मेहनत और उम्मीद का दामन थामे हर परिवार खुशियों से जीवन व्यतीत कर रहा था। क्यूँकि यहाँ ना तो वो शहर वाली पानी की…

"वो आज भी जिंदा हैं…- manoguru"